शिमला – नितिश पठानियां
साइबर ठग लोगों को ठगने के लिए आए दिन नए-नए तरीके अपना रहे हैं। इसी कड़ी में ठगने के लिए अब एक नए डिवाइस इस्तेमाल करना शुरू कर दिया है।
इस डिवाइस से लोग पैसे निकालने के लिए एटीएम का बटन तो दबाते हैं, लेकिन पैसा साइबर अपराधियों को ही मिलता है। डिवाइस को साइबर की दुनिया में इम्रोवाइज डिवाइस के नाम से जाना जा रहा है।
लोहे के डिवाइस को साइबर अपराधी कैश निकालने वाली जगह में कुछ मिनट में अंदर डालते ही ये डिवाइस अंदर जाने के बाद बाहर से भी नजर नहीं आता, जिस कारण एटीएम में आने वाले लोग इसे नहीं देख पाते और पैसे निकालने के लिए एटीएम में पिन नंबर डालते हैं।
पैसे निकालने के लिए अमाउंट भी डालते हैं, लेकिन पैसा नहीं निकल पाता, जिसके बाद लोग एटीएम खराब मानकर लोग वहां से निकल जाते हैं, लेकिन इसके बाद वहां साइबर ठग वहां पहुंचते हैं और फिर वे उस डिवाइस को निकालते हैं, जिसके बाद वह पैसा साइबर ठग निकाल ले जाते हैं।
इसे लेकर एएसपी साइबर क्राइम भूपेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि लोग एटीएम से पैसे निकालने में सावधानी रखें। स्कीमिंग मशीन न लगा हो इसकी पड़ताल कर लें। उन्होंने कहा कि कोई की पैड के ऊपर या बगल में कोई हिडेन कैमरा न हो, इसकी जांच अवश्य करेें।

