अध्यापिका प्रियंका ने छात्र के हाथ पर डंडा मारा। आईजीएमसी शिमला में जांच करवाने पर डॉक्टर ने उसका ऑपरेशन किया।
सोलन – रजनीश ठाकुर
जेएमएफसी कंडाघाट चुनौती सगरोली की अदालत ने सरकार बनाम प्रियंका केस में सरकारी स्कूल की अध्यापिका को दोषी पाते हुए अलग-अलग धाराओं में तीन और एक-एक साल की सजा सुनाई।
वहीं तीनों धाराओं में 21,000 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया। जुर्माना न अदा करने के एवज में दोषी को तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
मामले की पैरवी सहायक जिला न्यायवादी कंडाघाट सुषमा ठाकुर ने की है। उन्होंने बताया कि मामला वर्ष 2018 अक्तूबर का है।
कंडाघाट एसडीएम कार्यालय में तैनात महिला नर्वदा देवी ने पुलिस में शिकायत दी थी कि उनका बेटा सरकारी स्कूल कंडाघाट में आठवीं कक्षा में पढ़ता है।
वहीं उसकी अध्यापिका प्रियंका ने उसके हाथ पर डंडा मारा। आईजीएमसी शिमला में जांच करवाने पर डॉक्टर ने इसके बेटे का ऑपरेशन किया।
महिला की शिकायत पर पुलिस ने विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया। छानबीन के बाद कोर्ट में मामला लाया गया। इसके बाद कोर्ट में अध्यापिका को दोषी पाते हुए विभिन्न धाराओं में सजा सुनाई।

