
शिमला, जसपाल ठाकुर
केंद्र ने दी पीएसए संयंत्रों को मंजूरी, राज्य में तैयार हो रही 85 मीट्रिक टन ऑक्सीजन
हिमाचल के लिए पांच और पीएसए संयंत्रों की मंजूरी मिल गई है। इसमें से दो प्लांट आईजीएमसी, एक सोलन, ऊना और आर्मी अस्पताल में स्थापित किया जाएगा। डीआरडीओ इन सभी प्लांट को स्थापित करेगा। इसके अलावा हिमाचल में ऑक्सीजन सिलेंडरों की भी आमद बढ़ी है। वहीं, आईजीएमसी में 20 किलो लीटर लिक्विड ऑक्सीजन का टैंक भी तैयार किया जा रहा है। जल्द ही इसका ट्रायल होगा, जिसके बाद यहां पर ऑक्सीजन की कमी दूर हो जाएगी। उधर, हिमाचल में ऑक्सीजन का उत्पादन भी बढ़ा दिया गया है। वर्तमान में इस समय हिमाचल में करीब 85 मीट्रिक टन ऑक्सीजन का उत्पादन किया जा रहा है।
इसमें से हिमाचल को 32 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की जरूरत पड़ रही है। इसके अलावा केंद्र ने भी हिमाचल का ऑक्सीजन का कोटा बढ़ा दिया है। अब हिमाचल को 40 मिट्रिक टन ऑक्सीजन दी जा रही है, जो कि कोविड मरीजों के लिए लाभदायक सिद्ध हो रही है। वहीं, हिमाचल में ऑक्सीजन सिलेंडरों की भी संख्या बढ़ी है।
वर्तमान में हिमाचल के पास डी-टाइप सिलेंडरों की संख्या 6300 और बी-टाइप ऑक्सीजन सिलेंडरों की संख्या 2250 हो गई है। इसके अलावा जो नए पांच पीएसए ऑक्सीजन प्लांट स्वीकृत हुए हैं। उसमें से दो आईजीएमसी शिमला, एक रिजनल अस्पताल ऊना, रिजनल अस्पताल सोलन और आर्मी अस्पताल में तैयार किया जाएगा। सभी प्लांट को डीआरडीओ लगवाएगा। हर एक प्लांट की क्षमता एक हजार एलपीएम होगी।
प्रदेश में कहां-कहां स्थापित हो रहे पीएसए प्लांट
हिमाचल में जो पीएसए प्लांट नाहन, चंबा, हमीरपुर मेडिकल कालेज समेत जोनल अस्पताल धर्मशाला और डीडीयू शिमला में लगाए गए थे, वे सभी तैयार हो गए हैं
