
ब्यूरो – रिपोर्ट
प्रगतिशील हिमाचल स्थापना के 75वें वर्ष के उपलक्ष्य में हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में ज्वालामुखी हलके के सिल्ह में सीएम जयराम ठाकुर आए, लेकिन अपने-अपने नेता के नारे लगाने के चक्कर में उनके सामने ही समर्थक आपस में उलझ पड़े.
यहां सीएम के स्वागत में रमेश धवाला समर्थक व बिजेंद्र धीमान छुनकू के समर्थक अपने अपने नेता के नारे लगाते रहे. सीएम जब जाने लगे तो फिर समर्थकों ने अपने अपने नेताओं के नारे लगाने शुरू कर दिए. एकाएक दोनों तरफ के समर्थकों में आपसी कहासुनी शरू हो गई. पहले धक्का-मुक्की हुई बाद में गालीगलौज भी शुरू हो गया.
पुलिस को बीचबचाव करके लड़ाई रोकनी पड़ी. हालांकि, बाद में बिजेंद्र धीमान छुनकू मीडिया के सामने और लड़ाई झगड़े की बात को नकारते नजर आए. उन्होंने कहा कि ऐसा कुछ नहीं है मैं पार्टी का कार्यकर्ता हूँ और पार्टी, जिसको भी टिकट देगी उसके साथ चलूंगा. बिजेंद्र धीमान छुनकू पहले कांग्रेस पार्टी से थे. डेढ़ वर्ष पहले ही उन्होंने भाजपा जॉइन की है.
ज्वालामुखी मण्डल भाजपा अभी तक उनको अपना नहीं पाई है. छुनकू पिछली मर्तबा निर्दलीय चुनाव लड़े थे. वह पहले जिला परिषद भी रहे है और इस मर्तबा उनकी पत्नी जिला परिषद सदस्य हैं. बिजेंद्र धीमान छुनकू की जॉइनिंग भाजपा संगठन मंत्री पवन राणा ने करवाई है, इसलिए धवाला समर्थकों की आंखों में छुनकू खटकता है.
पवन राणा और ध्वाला में 36 का आकंड़ा
हिमाचल भाजपा के संगठन मंत्री पवन राणा और विधायक रमेश ध्वाला में 36 का आकंड़ा है. दोनों ही एक दूसरे को पसंद नहीं करते हैं. इसी के चलते अक्सर ज्वालामुखी में सियासी खींचतान चलती रहती है. दोनों ही एक दूसरे के खिलाफ बोलते हुए नजर आते हैं. खासकर ध्वाला अक्सर राणा को लेकर बयानबाजी करते रहते हैं.
