चम्बा, भूषण गुरुंग
हिमाचल प्रदेश सर्व अनुबंध कर्मचारी महासंघ काफी समय से हिमाचल प्रदेश की भाजपा सरकार से अनुबंध कार्यकाल को तीन वर्ष से दो वर्ष करने की गुहार लगा रहा है परंतु हिमाचल भाजपा सरकार के तीन साल बीत जाने पर भी अनुबंध आधार पर हिमाचल प्रदेश के विभिन्न सरकारी विभागों में कार्यरत 17000 कर्मचारियों को अब तक 2 वर्ष अनुबंध की मांग को पूरा करने का इन्तजार हैं।
यह बात चम्बा में पत्रकार वार्ता में महासंघ के राज जिला अध्यक्ष बलबीर सिंह ने कही। उन्होंने कहा कि पिछले दिनों महासंघ के प्रतिमंडल दो- तीन बार मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर से मिले और ज्ञापन दिए। मुख्यमंत्री ने सकारात्मक प्रतिक्रिया देते हुए मांग को जल्दी से जल्दी पूरा करने का आश्वासन दिया है। महासंघ के विभिन्न जिलों के प्रतिनिधि मंडल ने अलग—अलग क्षेत्रों में वर्तमान सरकार के विधायकों और अलग अलग विभागों के मन्त्रियों से मिल कर ज्ञापन दिए है।
महासंघ ने अपनी मांग विभिन्न मंचों के माध्यम से मंत्रियों के समक्ष उठाई है। सभी विधायकों और मंत्रियों ने अनुबंध कर्मचारियों से बड़े सौहार्दपूर्ण वातावरण में इस मांग को पूरा करने का आश्वासन दिया है। मार्च 2020 के बाद कोविड-19 की वजह से बहुत कम सरकारी भर्तियां हो पाई हैं। अगर सरकार इस समय अनुबंध अवधि को कम करती है तो अधिकतम अनुबंध कर्मचारी लाभान्वित होंगे।
वहीं महासंघ के राज्य प्रेस सचिव राकेश ठाकुर ने बताया कि प्रदेश सरकार की विभिन्न विभागों में कार्यरत अनुबंध कर्मचारी जिन्होंने जनवरी 2018 से अपनी सेवाएं आरंभ की हैं। उनका जनवरी 2021 से मार्च 2021 के बीच तीन वर्ष का अनुबंध कार्यकाल पूरा हो रहा है। जिससे यह कर्मचारी स्वयं को ठगा सा महसूस कर रहे हैं। उन्होंने बताया सरकार वर्तमान में अनुबंध कार्यकाल को घटाने की अधिसूचना जारी करती है तो सरकार को एक साथ वित्तीय बोझ भी नहीं पड़ेगा क्योंकि सभी अनुबंध कर्मचारी एकसाथ रेगुलर नहीं होंगे।
कुछ अनुबंध कर्मचारियों के अनुबंध के 3 वर्ष पूरे होने को हैं। तथा कुछ के इस वर्ष मार्च में 2 वर्ष हो रहे हैं तथा कुछ कर्मचारियों के सितम्बर में 2 वर्ष का कार्यकाल पूरा होगा। सभी अनुबंध कर्मचारी अलग अलग समय पर 2 वर्ष पूरे करेंगे। अतः सरकार का यह फैसला सरकार के आर्थिक बोझ को आंशिक तौर पर ही बढ़ाएगा।