शाहपुर – कोहली
हिमाचल में इस बार पड़ी गर्मियों ने अपना पिछला रिकॉर्ड भी तोड़ दिया है तापमान 50 डिग्री को भी पार गया। कांग्रेस नेत्री एवं पूर्व महासचिव प्रदेश महिला कांग्रेस रेणु बाजवारिया ने कहा कि कारण एनएचएआई विभाग द्वारा हिमाचल में जगह जगह फोरलेन सड़क बनाए जा रहे जिसका काम भी जोरो पर है।
एनएचएआई द्वारा पठानकोट मंडी व प्रदेश के अन्य फोरलेन निर्माण कार्य के चलते हजारों पेड़ो को काटा गया, सैंकड़ों साल पुराने पेड़ जो कि ऑक्सिजन, ठंडक व सड़क के दोनो ओर छाया देते थे और जिससे आसपास क्षेत्र का मौसम अनुकूल रहता था वहीं तापमान भी कम रहता था।एनएचएआई विभाग ने बेदर्दी से इन सभी लाखों पेड़ो को काट दिया।
उन्होंने कहा कि केंद्र में भाजपा की मोदी सरकार चाहती तो सड़क के बीच और दोनो साइड के हजारों पेड़ो को बचा सकती थी लेकिन उन्हें नही बचाया गया। केबल एनएचएआई को खुले दिल से इन पेड़ो को उजाड़ने का मौका दे दिया गया।
उन्होंने कहा कि यह पेड़ लगभग सभी कांग्रेस सरकारों द्वारा लगवाए गए थे, जिसमे भाजपा सरकारों का कोई योगदान नहीं था। उन्होंने कहा कि बाहर से आने वाले पर्यटकों का सफर भी हिमाचल की सीमा में आने पर सुहाना हो जाता था।
अब टूरिस्ट भी केंद्र की सरकार द्वारा बनाए जा रहे फोरलेन सड़कों की हालत देख कर हिमाचल में आने से कतरा रहे हैं। फोरलेन निर्माण से अविज्ञानिक ढंग से पहाड़ों पेड़ो की कटाई से पर्यावरण को बहुत नुकसान तो पहुंचा ही है साथ ही कई लोगों के भवनों में बरसात में पानी आ गया, दरारे आ गई।
उन्होंने कहा कि कई गिर गए और कई स्थानों पर लैंडस्लाइडिंग हुई, जिससे लोगों का करोडों का नुकसान हुआ। केंद्र सरकार मुआवजा देने से कतरा रही है व एनएचएआई के अधिकारियों को बचाने में लगी हुई है।
रेणु बाजवारिया ने कहा कि केंद्र सरकार नहीं चाहती कि कांग्रेस सरकार आर्थिक तौर पर मजबूत हो और विकास कर सके। यहां बता दे कि हिमाचल की कमाई का सबसे बड़ा स्रोत पर्यटन पर निर्भर है, जिसको केंद्र सरकार बंद करना चाह रही है।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार एनएचएआई द्वारा हिमाचल में बन रहे फोरलेन की ईमानदार अधिकारियों द्वारा जांच करवाए और जनता की समस्याओं पर भी ध्यान दे।

