हिमखबर डेस्क
हिमाचल प्रदेश के विश्व विख्यात शक्तिपीठ माता श्री चिंतपूर्णी के दरबार में शनिवार को आस्था और भक्ति का एक अनूठा संगम देखने को मिला। पंजाब के फिरोजपुर जिले स्थित गुरु हर सहाय से आए एक श्रद्धालु ने माता के चरणों में अपनी अटूट श्रद्धा प्रकट करते हुए पौना किलो (750 ग्राम) चांदी का छत्र भेंट किया है। श्रद्धालु ने यह बहुमूल्य भेंट अपनी एक बहुत बड़ी मनोकामना पूरी होने की खुशी में माता रानी को समर्पित की है।
इस भेंट की सबसे खास बात यह रही कि श्रद्धालु ने इसे गुप्त दान के रूप में अर्पित किया। उन्होंने मंदिर प्रशासन से विशेष आग्रह किया कि उनका नाम सार्वजनिक न किया जाए। श्रद्धालु का कहना था कि माता के आशीर्वाद से उनका एक बहुत बड़ा कार्य संपन्न हुआ है, जिसके फलस्वरूप उन्होंने यह मन्नत पूरी की है।
बिना किसी दिखावे के किया गया यह गुप्त दान माता के प्रति श्रद्धालु की नि:स्वार्थ भक्ति की एक बड़ी मिसाल पेश कर रहा है। चांदी के इस छत्र को भेंट करने से पहले मंदिर के पुजारियों द्वारा विधिवत मंत्रोच्चारण के साथ विशेष पूजा-अर्चना करवाई गई। इसके बाद आधुनिक कारीगरी से तैयार किए गए इस भव्य छत्र को माता की पावन पिंडी के ऊपर सुसज्जित कर दिया गया।
मंदिर अधिकारी ने बताया कि मां चिंतपूर्णी के दरबार में बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शनों के लिए पहुंचते हैं और अपनी सामर्थ्य व श्रद्धा के अनुसार सोना, चांदी व नकदी माता के चरणों में अर्पित करते हैं। उन्होंने कहा कि गुप्त दान के रूप में दी गई इस तरह की भेंट श्रद्धालुओं की सच्ची और नि:स्वार्थ आस्था को दर्शाती है।

