शिमला – नितिश पठानियां
हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस की सुक्खू सरकार अब सियासी डैमेज कंट्रोल में जुट गई है।
हाईकमान के निर्देश पर शिमला पहुंचे पर्यवेक्षकों से बैठक के बाद नाराज चल रहे कांग्रेस विधायकों के तेवर नरम पड़ गए हैं।
इस कड़ी में सुबह मंत्री पद से इस्तीफे की घोषणा करने वाले विक्रमादित्य सिंह ने अपना इस्तीफा वापस ले लिया है। इसकी पुष्टि उन्होंने खुद मीडिया से बातचीत के दौरान की है।
विक्रमादित्य सिंह ने कहा है कि संगठन पहले और नाराजगी बाद में है। वह पार्टी के साथ कदम से कदम मिलकर खड़े है।
बता दें कि विधानसभा परिसर में आज सुबह पत्रकार वार्ता कर विक्रमादित्य सिंह ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सुक्खू पर अनदेखी के आरोप लगाए।
उन्होंने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में पद पर बने रहना ठीक नहीं है। विक्रमादित्य सिंह हिमाचल में कांग्रेस के स्तंभ और छह बार मुख्यमंत्री रहे वीरभद्र सिंह के पुत्र हैं।
उन्होंने कहा कि शिमला के रिज मैदान पर पिता की प्रतिमा के लिए सरकार ने दो गज जमीन नहीं दी। विक्रमादित्य सिंह बोले कि दुख के साथ कहना पड़ रहा है कि मुझे प्रताड़ित किया गया। उन्होंने यह भी कहा कि प्रियंका वाड्रा से बात हुई है और जनता की भावनाओं से अवगत करवा दिया है।

