सोलन – रजनीश ठाकुर
अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश नालागढ़ अभय मंडयाल की अदालत ने दुष्कर्म के दोषी यूपी के हमीरपुर निवासी पिता को 10 साल कठोर कारावास और 10,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
उप जिला न्यायवादी देवेंद्र सिंह चंदेल ने बताया कि पीड़िता वर्ष 2017 में हिमाचल आई थी। इसके एक महीने बाद से पीड़िता का पिता उसके साथ एक साल तक डरा-धमकाकर दुष्कर्म करता रहा।
तंग आकर पीड़िता ने अपनी मां को इसके बारे में बताया। पीडि़ता की मां के पूछने पर दोषी उसके साथ मारपीट करने लगा। बाद में पीड़िता ने अपनी मां के साथ खरूणी में कमरा लिया।
वहां पर भी दोषी पीड़िता के साथ दुष्कर्म करता रहा और खाना न देकर परेशान करता था। दोषी ने इसके उपरांत दूसरी शादी कर ली। परंतु उसके बाद भी वह पीड़िता को डरा-धमकाकर उसके साथ दुष्कर्म करता रहा।
पीडिता कुछ समय बाद कंपनी में काम पर जाने लगी। वहां पर उसने अपनी एक सहेली को सारी बात बताई और सहेली के कहने पर पुलिस में शिकायत की। इसके पश्चात बद्दी थाने में मामला दर्ज हुआ।
अदालत ने गवाहों के बयान और साक्ष्यों के आधार पर आरोपी पिता को दोषी पाते हुए 10 साल का कठोर कारावास और 10,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। साथ ही पीड़िता को धमकाने के आरोप में दोषी को तीन माह की सजा और 1,000 रुपये जुर्माना भी किया। जुर्माना अदा न करने की सूरत में उसे एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।

