हिमखबर डेस्क
हिमाचल प्रदेश के शिमला में पार्किंग में गाड़ी में बैठी लड़कियों की वीडियो बनाने पर हंगामा हो गया. इस दौरान काफी देर तक गहमागहमी भी देखने को मिली. घटना के बाद लड़कियों, पार्षद और कुछ अन्य लोगों के बीच जमकर बहसबाजी भी हुई.
दरअसल, नगर निगम शिमला के कंगनाधार वार्ड से पार्षद को सरकारी पार्किंग में बैठी निजी संस्थान की छात्राओं के बिना अनुमति वीडियो बनाने पर हंगामा हो गया. इस मामले में अब केस दर्ज कर लिया गया है. पार्षद ने दावा किया कि लड़कियां पार्किंग में बीयर पी रही थी और इसलिए वीडियो बनाया.
हालांकि, बहसबाजी के दौरान लड़कियों ने पाषर्द को घेर लिया और पूछा कि उनके पास क्या सुबूत है. इस मामले में अब निजी संस्थान के स्टाफ की तरफ से शिमला थाना में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 74, 77, 78, 79, 351(2) और 352 के तहत दर्ज किया है.
शिकायत के अनुसार, 29 अक्तूबर को लगभग दोपहर सवा एक बजे स्टाफ और लड़कियां अकादमी के सामने सरकारी पार्किंग में बैठी थी. उसी दौरान स्थानीय पार्षद वहां पहुंचे और अपने मोबाइल फोन से उनकी बिना अनुमति फोटो और वीडियो बनाने लगे.
बहसबाजी का वीडियो आया सामने
एक वीडियो भी घटना का सामने आया है. जब लोगों ने पाषर्द को घेरा तो उन्होंने कहा कि लड़कियां कुछ तो पी रही थी. महिला स्टाफ ने कहा कि वह अगर कोई भी बोतल लेकर चलेंगी तो क्या आप कहेंगे कि यह बीयर है. बहसबाजी के दौरान स्थानीय एसएचओ भी मौजूद थे. इस दौरान काफी लोग पाषर्द को घेरते हुए नजर आए. वहीं, स्टाफ ने कहा कि वह मेडिकल करवाने के लिए भी तैयार हैं.
पार्षद ने कहा कि उनके पास वीडियो और फोटो हैं और अब वह कोर्ट में इन्हें दिखाएंगे. कुछ लड़कियां यह भी कह रही हैं कि वह संस्थान से नहीं है. पार्षद ने पार्किंग में बैठने का भी विरोध जताया. इस दौरान लड़कियों ने कहा कि वह लंच कर रही थी. इस पर पार्षद ने कहा कि यहां पर सफाई कौन करेगा.

