चम्बा – भूषण गुरुंग
हिमाचल प्रदेश की चंबा पुलिस के लिए शर्मनाक खबर है. पहले तो एक कैदी जेल से भागा और फिर लगातार पुलिस को चुनौती पेश करता रहा. आलम यह है कि चंबा पुलिस फरार आरोपी कैदी के आगे बेबस नजर आ रही है. आरोपी की वजह से एक परिवार का जीना मुहाल हो गया है और अब फिर से दहशत फैलाने के लिए इब्राहिम ने बुधवार को गोशाला में आग लगा दी.
दरअसल, चम्बा जिले की बरौर पंचायत के गदरी गांव का यह मामला है. यहां के मुस्लिम परिवार के दिन रात डर के साए में गुजर रहे हैं और चंबा पुलिस पुरी तरह एक अपराधी के आगे लाचार नजर आ रही है. ताजा मामले में आरोपी ने इब्राहिम पीड़ित परिवार की गोशाला में रखे घास में आग लगा दी.
आरोपी इब्राहिम ने अपने ही चाचा की पोती को बहला-फुसलाकर भगाकर शादी कर ली थी. हालांकि, बाद में पुलिस ने उसे अरेस्ट कर लिया था. क्योंकि लड़की की शादी की उम्र नहीं हुई थी. पुलिस ने आरोपी इब्राहिम को गिरफ्तार कर लिया था. लेकिन वह जेल से फरार हो गया था. अब तक पुलिस उसे गिरफ्तार नहीं कर पाई है.
अहम बात है कि आरोपी पहले भी लड़की के दादा पर हमला कर चुका है और उसकी हत्या की कोशिश की थी. इसके बाद आरोपी ने गौशाला के बाहर एक धमकी भरा पत्र टांगा, जिसमें लिखा था — “अब तुम्हारा अंजाम तय है, तुम्हें चुन-चुन कर मारूंगा.” इस घटना के बाद प्रशासन ने परिवार की सुरक्षा बढ़ाई, घर पर पुलिस जवान तैनात किए और बच्चों को स्कूल छोड़ने तक की जिम्मेदारी पुलिस ने संभाली.
हालांकि, पुलिस अब तक कुछ नहीं कर पाई. अब आरोपी तीसरी बार वारदात को अंजाम देने में कामयाब रहा. बीती रात उसने गौशाला और खेतों में रखी घास को आग के हवाले कर दिया, जो परिवार ने उसी दिन खरीदी थी.
कब और क्या है पूरा मामला
दरअसल, 27 मई को चंबा जेल से इब्राहिम नाम का कैदी भागा था. उसने 24 जून को अपने दहशत में जी रहे परिवार के शख्स को गोली मार दी थी. इब्राहिम ने 10 सितंबर महीने में एक नोट छोड़ा था और कहा था कि वह अपने बच्चों और पत्नी के लिए लड़ रहा है. अब आरोपी ने 29 अक्तूबर को परिवार का घास फूंक दिया।

