शिमला – नितिश पठानियां
हिमाचल प्रदेश के सरकारी रेस्ट हाउस सिर्फ माननीयों के लिए ही नहीं हैं, बल्कि आम जनता के लिए भी होंगे। आम लोग भी यहां पर रह सकते हैं, जिनके लिए यह व्यवस्था बनाई गई थी। सभी के लिए एक जैसा किराया होगा और ऑनलाइन बुकिंग करवाई जा सकेगी।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा है कि आम जनता के हितों में यह निर्णय लिया गया है। शिमला में लोक निर्माण विभाग के एक रेस्ट हाउस का उदघाटन करने के दौरान मीडिया से अनौपचारिक बातचीत में सीएम सुक्खू ने कहा कि उन्होंने सत्ता में आते ही दिल्ली और चंडीगढ़ के हिमाचल भवन में एक समान रेट कर दिए थे।
क्योंकि पहले एमएलए या ऊंची पहुंच रखने वाले तो कम किराया देते थे जबकि आम जनता को जिनकी सुविधा के लिए इन शहरों में यह भवन बनाए थे अधिक पैसा देना पड़ता था। सरकार इस मंशा से सभी के लिए एक समान रेट कर दिया। क्योंकि तब आम जनता तो 1200 रूपए देती थी और उन लोगों को आसानी से यह मिल भी नहीं पाते थे।
मगर वीआईपी कम किराए में आसानी से बुकिंग लेेते थे। ऐसे में सरकार ने व्यवस्था को बदला है और अब सभी के लिए 1200 रूपए वहां पर लगते हैं। सीएम ने कहा कि इसी तरह से लोक निर्माण विभाग और जल शक्ति विभाग के रेस्ट हाउस में भी कमरे का किराया 500 रूपए कर दिया गया है जिसकी बुकिंग ऑन लाइन होती है।
इसी तरह से अब सरकार शेष सभी विभागों के रेस्ट हाउस की बुकिंग को ऑन लाइन करने जा रही है ताकि सभी को महत्व मिले। सभी लोग 500 रूपए में ऑन लाइन बुकिंग करवा सकेंगे। अन्य विभागों में भी ऐसी व्यवस्था को शीघ्र लागू करने जा रहे हैं।
सीएम ने कहा कि पिछले दिनों वो थुनाग गए थे जहां पर रेस्ट हाउस के 22 कमरे थे। आलीशान रेस्ट हाउस बनाया गया है जिसमें आम जनता को सुविधा मिलनी चाहिए। इसलिए अब बुकिंग ऑन लाइन ही होगी। हालांकि दो-तीन कमरों को रिजर्व में रखा जरूर जाएगा, लेकिन शेष कमरों को आम जनता के लिए खोला जाएगा।
बता दें कि प्रदेश में लगभग सभी विभागों के रेस्ट हाउस हैं और इन रेस्ट हाउस की बुकिंग अभी विभागीय स्तर पर पहले की तरह ही हो रही है। अब धीरे-धीरे सरकार इस मामले में आगे बढ़ रही है और सभी विभागों को ऑन लाइन बुकिंग सेवा से जोडऩे का प्रयास किया जा रहा है। आने वाले दिनों में यही व्यवस्था लागू होगी। हालांकि किराया सरकार ने सभी के लिए एक समान कर दिया है।